13.6.11

आरटीई का दायरा 18 साल तक बढ़ाया जाए- क्राई


नई दिल्ली !    बाल मजदूरी की समस्या के प्रभावी समाधान के लिए 18 वर्ष तक के बच्चों को शिक्षा का अधिकार (आरटीई) अधिनियम के दायरे में लाया जाए। यह मांग एक गैरसरकारी संगठन (एनजीओ) ने यहां विश्व बाल मजदूरी विरोध दिवस के अवसर पर सरकार से की।
क्राई (चाइल्ड राइट्स एंड यू) ने यहां दिल्ली हाट से रविवार को एक अभियान की शुरुआत करते हुए सरकार से मांग की कि कानूनन सभी क्षेत्रों से बाल श्रम समाप्त किया जाए।
क्राई की निदेशक योगिता वर्मा ने आईएएनएस से कहा, ''बाल श्रम के विरुध्द कानून सिर्फ 16 क्षेत्रों में लागू है, जबकि बाल श्रम भारत में लगभग हर क्षेत्र में है। हमारी मांग है कि कानून का दायरा बढ़ाकर इसे सभी क्षेत्रों में लागू किया जाए।''
वर्मा ने कहा कि सिर्फ 14 वर्ष तक अनिवार्य शिक्षा का प्रावधान करने का मतलब है कि हम आठवीं कक्षा के बाद बच्चों को बाल मजदूरी करने के लिए बाध्य कर रहे हैं। हम चाहते हैं कि 18 वर्ष तक के सभी बच्चों को मुफ्त शिक्षा मिले।

1 टिप्पणी:

anil ने कहा…

shayad hi sarkar ka dhyan es or jaye.lekin ye hona chahiye.